तुम्हारी हंसी बता रही है
कि तुम मेरे बिना खुश रह सकती है।
मेरे सामने तुम जरूर ही
नाखुशी का दिखावा करती है।।
यह तो दुनिया का रीत ही है
इसमें तुम क्या कर सकती है।
मेरा क्या है हम तो परदेसी हैं
इसमें तुम क्या कर सकती हैं।।
मेरे बिना सबके सामने हंसना बोलना
बहुत कुछ सिखाती है।
मैं तुम्हारे जीवन में नहीं भी रहे
जीवन खुशी से जी सकती है।।
मुझसे बात बात में रोना
पीछे में खुशी से जिंदगी जीना बताती है।
सच तो यह है जिंदगी में
इस तरह से जीना खूबसूरती कहलाती है।।
कभी भी यह नहीं सोचना
मेरे बिना मेरी जान खुश नहीं रह सकती है।
यह दुनिया बड़ी है खुशी देने के लिए
मेरे बिना भी खुशी-खुशी रह सकती है।।
तरुण,तरुणी में रोना क्या
खुशी से जिंदगी बितानी है।
तनावमुक्त जीना ही
असली जिंदगानी कहलाती है।।
मंगलवार, 25 फ़रवरी 2025
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)
“O Romeo” Movie Review & Story Breakdown – A Fresh Romantic Drama for Today’s Audience
Indian cinema continues to experiment with youth-centric love stories, and O Romeo is one such film that brings a blend of romance, modern...


कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें
kumartarunyadav673@gmail.com